By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
Hindustan ExpressHindustan Express
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
    • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
  • छत्तीसगढ़
    • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
    • मनोरंजन
    • खेल
    • तकनीकी
    • व्यापार
    • करियर
    • लाइफ स्टाइल
Search
  • Advertise
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
Reading: क्या है म्यांमार की आराकान आर्मी? रोहिंग्या मुसलमानों के लिए बन गई काल…
Share
Sign In
Notification Show More
Font ResizerAa
Hindustan ExpressHindustan Express
Font ResizerAa
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
Search
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
    • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
  • छत्तीसगढ़
    • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
    • मनोरंजन
    • खेल
    • तकनीकी
    • व्यापार
    • करियर
    • लाइफ स्टाइल
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
Hindustan Express > Blog > विदेश > क्या है म्यांमार की आराकान आर्मी? रोहिंग्या मुसलमानों के लिए बन गई काल…
विदेश

क्या है म्यांमार की आराकान आर्मी? रोहिंग्या मुसलमानों के लिए बन गई काल…

Last updated: 2024/05/26 at 10:33 AM
Share
4 Min Read
क्या है म्यांमार की आराकान आर्मी? रोहिंग्या मुसलमानों के लिए बन गई काल…
SHARE

म्यांमार में तख्तापलट के बाद से ही शांति का नामो निशान नहीं है। यूनाइटेड नेशन्स का कहना है कि अब तक करीब 45 हजार रोहिंग्या अपना घर-बार छोड़कर जा चुके हैं।

दावा किया जा रहा कि म्यांमार के राखाइन समेत आसपास के प्रांतों में हिंसा के चलते बड़ी संख्या में रोहिंग्या पलायन कर गए।

रोहिंग्या पर संकट तब और बढ़ गया जब आराकान आर्मी ने म्यांमार की सेना और पुलिस को निशाना बनाना शुरू कर दिया।

वैसे तो आराकान आर्मी खुद को रोहिंग्या मुसलमानों की हितैसी बताती है। हालांकि आराकान की वजह से रोहिंग्या मुसलमान कहीं के नहीं रहे। 

बता दें कि म्यांमार में बहुसंख्यक बौद्ध रोहिंग्या मुसलमानों को बाहरी मानते हैं।  वहीं आराकान आर्मी का दावा है कि वह राखाइन प्रांत के लोगों के लिए लड़ाई लड़ता है।

यहां लगभग 6 लाख रोहिंग्या मुसलमान रहते थे। अब तक 20 लाख से ज्यादा रोहिंग्या बांग्लादेश या सीमाई इलाकों में शिफ्ट हो चुके हैं।

यूएन राइट्स ऑफिस के प्रवक्ता एलिजाबेथ थ्रोसेल ने बताया कि बुथिदाउंग और माउंगदा में हाल ही में हुई हिंसा के बाद 10 हजार से ज्यादा रोहिंग्या पलायन कर गए।

लगभग 45 हजार रोहिंग्या नफ नदी के इलाके में बांग्लादेश की सीमा पर चले गए हैं और वे सुरक्षा की तलाश कर रहे हैं। रोहिंग्या अंतरराष्ट्रीय कानून के मुताबिक नागरिकों की सुरक्षा की मांग कर रहे हैं।

बांग्लादेश में बड़ी संख्या मे रोहिंग्याओं को शरण मिली है। अल जजीरा की रिपोर्ट के मुताबिक म्यांमार की सीमा पर अभी बहुत सारे रोहिंग्या फंसे हैं। 

काट दिया गया सिर
यूएन की म्यांमार टीम के हेड ने बताया कि यहां मानवाधिकारों की कोई वैल्यू नहीं रही है। बहुत सारे लोगों के सिर धड़ से अलग कर दिए गए। सैटलाइट इमेज  और ऑनलाइन वीडियो से पता चलता है कि लोगों की संपत्तियों में आग लगा दी गई।

आराकान आर्मी ने दावा किया था कि पूरे शहर पर उसका कब्जा हो गया है। इसके बाद यहां आगजनी और हत्या के मामले सामने आए। पीड़ितों ने बताया कि शहर में दर्जनों शव पाए गए। वहीं रोहिंग्या जब शहर छोड़कर जाने लगे तो आराकान आर्मी के लोगों ने उनका रास्ता रोक लिया। 

लोगों का कहना है कि आराकान आर्मी के लोग उन्हें प्रताड़ित करते हैं और पैसे की उगाही करते हैं। हाल यह है कि राखाइन में आराकान आर्मी और म्यांमार आर्मी दोनों ही रोहिंग्या को निशाना बनाते हैं। इस इलाके में कम से कम चार लोगों को सिर कलम कर दिया गया।

बताया जा रहा है कि आराकान आर्मी ने ही लोगों की हत्या की है। आराकान आर्मी ने धमकी दी है कि अगर रोहिंग्या उनका साथ नहीं देंगे तो उनका पूरा गांव जला दिया जाएगा। 

क्या है आराकान आर्मी
आराकान आर्मी एक इस्लामिक संगठन है। हालांकि यह खुद को सेक्युलर बताता है। यह संगठन पुलिस और सेना पर हमला करता है। इसका कनेक्शन पाकिस्तान से है।

कराची में जन्मा अताउल्लाह अबू इसका लीडर है। सरकार पर दबाव बनाने के लिए यह आम लोगों को भी निशाना बनाता है। म्यांमार में इसे आतंकी संगठन घोषित कर दिया गया है। आराकान आर्मी अब रोहिंग्याओं को भी निशाना बना रही है। 
 

The post क्या है म्यांमार की आराकान आर्मी? रोहिंग्या मुसलमानों के लिए बन गई काल… appeared first on .

You Might Also Like

सर्वाइवर ने खोला एप्स्टीन की काली दुनिया का पर्दा: ‘हर दिन 10 लड़कियां आती थीं’

पाकिस्तान के खैबर प्रांत में सैन्य काफिले पर आत्मघाती हमला, 13 सैनिकों की मौत, 29 घायल

टैरिफ पर ट्रंप ने लिया यू-टर्न, स्मार्टफोन और लैपटॉप को टैरिफ से दी छूट

ट्रंप की धमकी से पनामा सेहमा, चीन की BRI परियोजना को आगे न बढ़ाने का किया ऐलान

US Plane Crash: शवों की संख्या बढ़ी, राहत और बचाव कार्य में जुटे अधिकारी

May 26, 2024 May 26, 2024
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Previous Article भीषण गर्मी से मिलने वाली है राहत, IMD ने दे दी गुड न्यूज; इस दिन से झमाझम बारिश… भीषण गर्मी से मिलने वाली है राहत, IMD ने दे दी गुड न्यूज; इस दिन से झमाझम बारिश…
Next Article हमास की अल कसम बिग्रेड के आगे उल्टे पांव भागे इजरायली सैनिक, कई पकड़े गए; IDF बोला- आतंकियों का दावा झूठा… हमास की अल कसम बिग्रेड के आगे उल्टे पांव भागे इजरायली सैनिक, कई पकड़े गए; IDF बोला- आतंकियों का दावा झूठा…
- Advertisement -
Ad imageAd image
- Advertisement -
Ad imageAd image

Stay Connected

235.3k Followers Like
69.1k Followers Follow
11.6k Followers Pin
56.4k Followers Follow
136k Subscribers Subscribe
4.4k Followers Follow

ताजा ख़बरें

प्रस्तावित राज्यपाल दौरे से पहले प्रशासन सतर्क, कलेक्टर जयति सिंह ने नागलवाड़ी में किया निरीक्षण
प्रस्तावित राज्यपाल दौरे से पहले प्रशासन सतर्क, कलेक्टर जयति सिंह ने नागलवाड़ी में किया निरीक्षण
मध्यप्रदेश राज्य
जनदर्शन में उमड़ी भीड़, कलेक्टर ने एक-एक कर सुनी समस्याएं
जनदर्शन में उमड़ी भीड़, कलेक्टर ने एक-एक कर सुनी समस्याएं
छत्तीसगढ़ राज्य
कलेक्टर ने कर्मचारी-अधिकारी फेडरेशन के वार्षिक कैलेंडर का किया विमोचन
कलेक्टर ने कर्मचारी-अधिकारी फेडरेशन के वार्षिक कैलेंडर का किया विमोचन
छत्तीसगढ़ राज्य
छत्तीसगढ़ में ठंड से बनी रहेगी राहत, लगातार तीसरे दिन सबसे अधिक तापमान दर्ज
छत्तीसगढ़ में ठंड से बनी रहेगी राहत, लगातार तीसरे दिन सबसे अधिक तापमान दर्ज
छत्तीसगढ़ राज्य
//

यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी प्रकार के विवादों का न्याय क्षेत्र- धौलपुर, जिला- धौलपुर (राजस्थान) होगा।
संपादक - Gaurav Shukla
मोबाइल - 9166652528
ईमेल - contact@hindustanexpress.live

प्रबंध संपादक - Mukesh Rana
मोबाइल - 7239927927

कार्यालय - Dholpur, Rajasthan - 328001
Follow US
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
  • Home
  • About Us
  • Contact Us
  • MP Info RSS Feed
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?